अप्रैल, 2008

आलेख से अप्रैल, 2008

बहरीन : अनेकता में बनी हुई सौहार्द्रता

सैकड़ों वर्षों से बहरीन शान्ति का स्वर्गस्थल बना हुआ है जहां तमाम वर्ण, जाति, और धर्म के लोग भाईचारे के साथ रहते आए हैं. राजधानी मनामा के रहने वाले बहरीनी चिट्ठाकार क्राइस्ट ब्लड (अरबी) अपने पड़ोस के एक ऐसे स्थल के बारे में बता रहे हैं जो जाति और धर्मगत विभिन्नताओं के मध्य आपसी सामंजस्य और सौहार्द्र का वास्तविक प्रतीक स्वरूप है.